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Wednesday, August 12, 2009

नवजुग

नवजुगा रजपुता रो , काई म्हे करा बखाण ,
तज्यो बैण, तज्यो वाढलो, तज्यो निज भासा ग्यान |

नवजुगा चारणा रो, काई म्हे करा बखाण,
धारी हिन्दी-तुरकान, टांडे बंस भासा लाण |